रुद्रप्रयाग में वनाग्नि रोकथाम तैयारियों की समीक्षा।
नोडल अधिकारी ने जाखनी व अगस्त्यमुनि क्रू स्टेशनों का किया निरीक्षण।
रुद्रप्रयाग। उत्तराखंड के जंगलों को धधकने से बचाने के लिए वन विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। इसी क्रम में वनाग्नि नोडल अधिकारी व वन संरक्षक डॉ. विनय भार्गव ने रुद्रप्रयाग वन प्रभाग पहुंचकर वनाग्नि रोकथाम हेतु की गई तैयारियों का सघन निरीक्षण और विस्तृत समीक्षा की।
दौरे के दौरान नोडल अधिकारी ने जाखनी क्रू स्टेशन और अगस्त्यमुनि मॉडल क्रू स्टेशन का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने मास्टर कंट्रोल रूम मॉनिटरिंग सिस्टम और मोबाइल ऐप के माध्यम से सक्रिय वनाग्नि स्थलों की लाइव ट्रैकिंग का जायजा लिया। समीक्षा बैठक में उन्होंने फील्ड स्टाफ की व्यावसायिक दक्षता, कार्मिकों व सुरक्षा संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता और आपात स्थिति में उनके त्वरित मोबिलाइजेशन (गतिशीलता) को परखते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
डॉ. भार्गव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वनाग्नि हॉटस्पॉट्स की लगातार निगरानी की जाए और सूचना मिलते ही रिस्पॉन्स टाइम (लीड-टाइम) को न्यूनतम किया जाए। आग की शीघ्र पहचान के लिए ड्रोन सर्वेक्षण को और अधिक सघन बनाने तथा प्रवर्तन तंत्र को मजबूत करने पर विशेष चर्चा हुई। इस दौरान मौके पर प्रभागीय वनाधिकारी रजत सुमन, उप प्रभागीय वनाधिकारी डॉ0 दिवाकर पन्त, व देवेंद्र सिंह पुण्डीर और वनाधिकारी हरीश थपलियाल, सुरेन्द्र सिंह नेगी, एच एस रावत सहित अन्य वन कर्मी मौजूद रहे।


