वित्तीय अनियमितताओं के आरोप में ग्राम प्रधान बसंती देवी पद से हटाई गईं।
सीसी सड़क निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल और नियमों के उल्लंघन की शिकायत पर हुई कार्यवाही।
हरिद्वार। जनपद में विकास कार्यों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने एक बड़ी कार्रवाई की है। जिलाधिकारी ने विकासखंड लक्सर की ग्राम पंचायत अकोढ़ा खुर्द की ग्राम प्रधान बसंती देवी को वित्तीय एवं प्रशासनिक अनियमितताओं के गंभीर आरोपों में पद से हटाने के आदेश जारी किए हैं।
यह पूरा मामला कश्यप बस्ती में सीसी सड़क निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल और नियमों के उल्लंघन की शिकायत से जुड़ा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को जांच अधिकारी नामित किया गया था। जांच रिपोर्ट में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं, जिसमें पाया गया कि कई स्थानों पर एक ही सड़क को अलग-अलग दर्शाकर फर्जी भुगतान उठाया गया। इसके अलावा, नियमों के विरुद्ध जाकर सार्वजनिक हित के बजाय निजी लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से निजी भूमि और व्यक्तिगत पहुंच मार्गों पर सड़कें बनाई गईं।
जांच के दौरान ग्राम पंचायत के महत्वपूर्ण अभिलेख जैसे बैंक पासबुक, कैशबुक और वित्तीय वर्ष 2022-23 व 2023-24 के रिकॉर्ड समय पर प्रस्तुत नहीं किए गए। साथ ही ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर दर्ज आंकड़ों और धरातल पर हुए कार्यों में भारी विसंगतियां पाई गईं। इस मामले में ग्राम पंचायत विकास अधिकारी शंकरदीप और अन्य अधिकारियों की भूमिका भी मॉनिटरिंग व रिकॉर्ड रखरखाव में बेहद लापरवाह पाई गई है।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने उत्तराखंड पंचायतीराज अधिनियम, 2016 की धारा-138(1) के तहत यह सख्त कार्रवाई करते हुए वित्तीय अनियमितताओं से जुड़ी धनराशि की वसूली और दोषी अधिकारियों के खिलाफ जांच के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने स्पष्ट संदेश दिया है कि भ्रष्टाचार और लापरवाही को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।


