दुखद: बद्री-केदार मंदिर समिति के पूर्व सदस्य रणजीत सिंह राणा का 88 वर्ष की आयु में निधन। सूर्यप्रयाग घाट पर हुआ अंतिम संस्कार।
जखोली (रुद्रप्रयाग): रुद्रप्रयाग जनपद के जखोली प्रखंड अंतर्गत इंद्रनगर निवासी और भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता रणजीत सिंह राणा का शनिवार सुबह लगभग 7:30 बजे उनके निवास स्थान पर निधन हो गया। वे 88 वर्ष के थे और लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उनके निधन की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। खराब स्वास्थ्य के चलते पूर्व में उनका उपचार देहरादून में भी कराया गया था, लेकिन शनिवार सुबह उन्होंने अंतिम सांस ली। उनका अंतिम संस्कार आज सूर्यप्रयाग घाट पर पैतृक रीति-रिवाजों के साथ किया गया।
बहुआयामी व्यक्तित्व के धनी थे राणा रणजीत सिंह राणा का जीवन जनसेवा और संगठन के प्रति समर्पित रहा। वे बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) के सदस्य के रूप में अपनी सेवाएं दे चुके थे। इसके साथ ही उन्होंने ग्राम पंचायत जखोली के ग्राम प्रधान पद पर रहते हुए गांव के विकास के लिए अनेक कार्य किए। भाजपा के एक निष्ठावान वरिष्ठ कार्यकर्ता होने के साथ-साथ वे एक प्रखर सामाजिक कार्यकर्ता भी थे। उन्होंने लंबे समय तक सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान के माध्यम से भी जनता की सेवा की, जिसके चलते वे क्षेत्र में काफी लोकप्रिय थे। वे अपने पीछे एक भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं।
उनके आकस्मिक निधन पर क्षेत्र के विभिन्न जनप्रतिनिधियों और गणमान्य व्यक्तियों ने गहरा शोक व्यक्त किया है। विधायक भरत सिंह चौधरी, भाजपा के प्रदेश सह-मीडिया प्रभारी कमलेश उनियाल, पूर्व ज्येष्ठ उपप्रमुख अर्जुन गहवार, पूर्व प्रमुख प्रदीप थपलियाल, मखेत के पूर्व प्रधान आषाढ़ सिंह राणा, उत्तराखंड आंदोलनकारी हयात सिंह राणा, सुरेंद्र प्रसाद सकलानी और मखेत के पूर्व उपप्रधान पंकज बुटोला सहित कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। सभी ने इसे क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया और शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं।


