पेयजल संकट: तल्ला नागपुर के नारी गांव में हाहाकार।
ग्रामीणों ने दी सामूहिक कनेक्शन काटने की चेतावनी।
चोपता (रुद्रप्रयाग)। जनपद के तल्ला नागपुर क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सभा नारी में पिछले एक पखवाड़े से पेयजल संकट गहराया हुआ है। भीषण गर्मी के इस मौसम में ग्रामीण बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं, जिसके चलते अब उनके सब्र का बांध टूट गया है। विभाग की घोर लापरवाही से आक्रोशित ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान कुसुम देवी के नेतृत्व में जल संस्थान के अधिशासी अभियंता (EE) को एक ज्ञापन भेजा है। इस पत्र के माध्यम से ग्रामीणों ने विभाग को अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही जलापूर्ति सुचारू नहीं की गई, तो वे सामूहिक रूप से अपने पानी के कनेक्शन कटवा देंगे।
ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले महीने नारी गांव में ऐतिहासिक 11 दिवसीय महायज्ञ का आयोजन किया गया था। इस बड़े धार्मिक अनुष्ठान के दौरान भी जल संस्थान ने संवेदनशीलता नहीं दिखाई और पूरे आयोजन के दौरान लोगों को पानी के लिए दर-दर भटकना पड़ा। ग्राम प्रधान कुसुम देवी ने विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि क्षेत्र में पाइप लाइन सही ढंग से नहीं बिछाई गई है, जिसके कारण यह समस्या बार-बार पैदा हो रही है। उन्होंने स्थाई समाधान के तौर पर मांग की है कि नारी गांव को सीधे सतेराखाल मुख्य लाइन से जोड़कर पानी की सप्लाई दी जाए।
इस पेयजल किल्लत को लेकर वार्ड सदस्य शांति देवी, विजया देवी, राजीव सिंह, राजमोहन सजवाण, रीना देवी रावत, मनीषा देवी और मुकेश सिंह सहित दर्जनों ग्रामीणों ने तीखा आक्रोश व्यक्त किया है। जनप्रतिनिधियों का कहना है कि सुदूर ग्रामीण इलाकों में पानी जैसी मूलभूत आवश्यकता के लिए भी जनता को आंदोलन के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल संस्थान ने अविलंब सुचारू पेयजल आपूर्ति बहाल नहीं की, तो समस्त ग्रामवासी विभाग के खिलाफ उग्र आंदोलन की शुरुआत करेंगे और जल संस्थान कार्यालय का घेराव करेंगे।


