प्रतिष्ठा और उधारी बनी मौत की वजह।
चमोली पुलिस ने सुलझाई अंधे हत्याकांड की गुत्थी, बीडीसी सदस्य गिरफ्तार।
चमोली: चमोली पुलिस ने एक माह पूर्व अलकनंदा नदी के किनारे मिले अज्ञात शव की गुत्थी को सुलझाते हुए "ब्लाइंड मर्डर" का सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस ने हत्या के आरोप में क्षेत्र पंचायत सदस्य (बीडीसी) को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पँवार के निर्देशन में गठित एसआईटी और एसओजी टीम ने वैज्ञानिक साक्ष्यों और तकनीकी दक्षता के आधार पर इस हत्याकांड का अनावरण किया।
घटना का विवरण देते हुए पुलिस ने बताया कि 10 मार्च 2026 को लंगासू क्षेत्र में चण्डिका माता मंदिर के नीचे नदी किनारे एक अज्ञात शव मिला था, जिसके हाथ-पैर रस्सी से बंधे थे। मृतक के हाथ पर "SOORAJ PUROHIT" गुदा होने के आधार पर जांच शुरू की गई। अंततः सोशल मीडिया के माध्यम से शव की शिनाख्त सूरज पुरोहित निवासी बमोथ के रूप में हुई। पत्नी की तहरीर पर पुलिस ने धारा 103(1) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच तेज की।
जांच में सामने आया कि सूरज पुरोहित नंदप्रयाग के एक होटल में रहकर बीडीसी सदस्य नरेन्द्र तोपाल के साथ कार्य कर रहा था। सीसीटीवी फुटेज की गहन जांच में 16 फरवरी की रात आरोपी नरेन्द्र तोपाल अपनी अल्टो कार की डिग्गी में एक संदिग्ध कट्टा रखकर पुल की ओर ले जाता और बाद में कार धोता दिखाई दिया। कड़ाई से पूछताछ में आरोपी नरेन्द्र तोपाल ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि उसने सूरज से ₹10,000 उधार लिए थे, जिसके लिए सूरज शराब के नशे में उसे सार्वजनिक रूप से अपमानित करता था। अपनी सामाजिक प्रतिष्ठा पर आंच आती देख आरोपी ने सूरज की हत्या कर शव नदी में फेंक दिया। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त अल्टो कार बरामद कर ली है। आईजी गढ़वाल रेंज ने इस शानदार खुलासे पर पुलिस टीम को ₹5,000 के पुरस्कार की घोषणा की है।


